तुम्हारे समय में ---
तुम्हारे समय में , चहकते हुए , दौड़कर , लबालब ख़ुशी से, हांफते हुए ,
बदहवास भागते हुए , छत के कोने वाली जगह पर ,
काले आसमान में सफ़ेद चाँद का टीका ,
ऊँचे पेड़ की बलखाती डालियाँ ,
ख़ाली खेत के टिमटिमाते जुगनू .....
कटीली झाड को चीड़ कर आती भीनी भीनी खुशबू ................
तुम्हारे समय में ऐसा लगता था |
तब मैं समय को नहीं तुमको जनता था .....
अब समय को जनता हूँ ,
उसी समय में धीरे धीरे थके हुए क़दमों से , गंभीर , बिना भाव वाले चेहरे के साथ
छत के उसी कोने पर , पूरे सन्नाटे को ,अपनी सांसों में भर लेता हूँ .....
और सफ़ेद चाँद से मुंह मोड़ कर वापस लौट आता हूँ .................
ठीक तुम्हारे समय में --------------------------
बदहवास भागते हुए , छत के कोने वाली जगह पर ,
काले आसमान में सफ़ेद चाँद का टीका ,
ऊँचे पेड़ की बलखाती डालियाँ ,
ख़ाली खेत के टिमटिमाते जुगनू .....
कटीली झाड को चीड़ कर आती भीनी भीनी खुशबू ................
तुम्हारे समय में ऐसा लगता था |
तब मैं समय को नहीं तुमको जनता था .....
अब समय को जनता हूँ ,
उसी समय में धीरे धीरे थके हुए क़दमों से , गंभीर , बिना भाव वाले चेहरे के साथ
छत के उसी कोने पर , पूरे सन्नाटे को ,अपनी सांसों में भर लेता हूँ .....
और सफ़ेद चाँद से मुंह मोड़ कर वापस लौट आता हूँ .................
ठीक तुम्हारे समय में --------------------------


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