मेरे फोन का एक कांटेक्ट .......
मेरे फोन का एक कांटेक्ट .......

अजीब बात है न ,ये वही कांटेक्ट है,जिसका नाम अक्सर मेरे फोन के स्क्रीन पर होता था |
रात -बिरात , जागते-सोते,आते-जाते सुबह जागने के बाद सबसे पहले से लेकर नींद में चले जाने तक......और
कभी कभी तो सपने में आ जाने तक ...........
हाँ ये वही कांटेक्ट है ............................
अजीब बात तो ये भी है की अक्सर मुझे पता होता था ,
मेरे फ़ोन का ज़ेब में थरथराने से लेकर मेरे होठों पर उसके नाम से आ जाने वाले मुस्कान तक ...
मेरी नज़रों में शर्म वाले चमक से लेकर ,किसी एकांत जगह , कोई कोना तलाशने तक ...
ये वही कांटेक्ट है ............................
व्हाटसप्प के स्टेटस वाला, इन्स्टा के स्टोरी वाला ,
रंगीन बैकग्राउंड में सजे शायरी वाला , हर सिचुएशन पर कोट्स वाला ........
किस फोटो में किस एंगल से कम मोटी लग रही हूँ ये पूछने वाला ..
मुझ से बात-बेबात रूठ जाने वाला ,अपनी हाँ बस अपनी चलाने वाला
सुबह ,शाम ,रात ,दिन ,मेरी लत , मेरा नशा , मेरा आदत बन जाने वाला
ये वही कांटेक्ट है ............................
जिसके नाम का स्टेटस दिख जाता है , स्टोरी भी रह रह कर आ जाती है , कभी कोई पोस्ट आता है , कभी कोई कोट्स , कभी तस्वीर ,कभी कोई लिंक ..........
बस फोन नहीं आता , याद आती है पर जब फोन के स्क्रीन को घूरता हूँ ,तो कोई मैसेज नहीं आता
ये वही कांटेक्ट है ............................
जिसे मैं देख तो सकता हूँ ,डायल नहीं कर सकता
जो मेरे फोन का सिर्फ एक कांटेक्ट है |

अजीब बात है न ,ये वही कांटेक्ट है,जिसका नाम अक्सर मेरे फोन के स्क्रीन पर होता था |
रात -बिरात , जागते-सोते,आते-जाते सुबह जागने के बाद सबसे पहले से लेकर नींद में चले जाने तक......और
कभी कभी तो सपने में आ जाने तक ...........
हाँ ये वही कांटेक्ट है ............................
अजीब बात तो ये भी है की अक्सर मुझे पता होता था ,
मेरे फ़ोन का ज़ेब में थरथराने से लेकर मेरे होठों पर उसके नाम से आ जाने वाले मुस्कान तक ...
मेरी नज़रों में शर्म वाले चमक से लेकर ,किसी एकांत जगह , कोई कोना तलाशने तक ...
ये वही कांटेक्ट है ............................
व्हाटसप्प के स्टेटस वाला, इन्स्टा के स्टोरी वाला ,
रंगीन बैकग्राउंड में सजे शायरी वाला , हर सिचुएशन पर कोट्स वाला ........
किस फोटो में किस एंगल से कम मोटी लग रही हूँ ये पूछने वाला ..
मुझ से बात-बेबात रूठ जाने वाला ,अपनी हाँ बस अपनी चलाने वाला
सुबह ,शाम ,रात ,दिन ,मेरी लत , मेरा नशा , मेरा आदत बन जाने वाला
ये वही कांटेक्ट है ............................
जिसके नाम का स्टेटस दिख जाता है , स्टोरी भी रह रह कर आ जाती है , कभी कोई पोस्ट आता है , कभी कोई कोट्स , कभी तस्वीर ,कभी कोई लिंक ..........
बस फोन नहीं आता , याद आती है पर जब फोन के स्क्रीन को घूरता हूँ ,तो कोई मैसेज नहीं आता
ये वही कांटेक्ट है ............................
जिसे मैं देख तो सकता हूँ ,डायल नहीं कर सकता
जो मेरे फोन का सिर्फ एक कांटेक्ट है |

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